यूपी: “जिनके इशारे पर जर्जर स्कूल दिखाए जा रहे, ये उन्हीं के स्मारक हैं” — सीएम योगी का विपक्ष पर तीखा हमला

यूपी: “जिनके इशारे पर जर्जर स्कूल दिखाए जा रहे, ये उन्हीं के स्मारक हैं” — सीएम योगी का विपक्ष पर तीखा हमला
लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष, विशेषकर समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार शिक्षा, रोजगार और मानदेय में सुधार के लिए निरंतर प्रयासरत है।
जर्जर भवनों का कायाकल्प: सीएम योगी ने बताया कि ‘प्रोजेक्ट अलंकार’ के तहत प्रदेश के पुराने और जर्जर स्कूल भवनों की जगह नए भवन बनाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर जो जर्जर भवन दिखाए जा रहे हैं, वे असल में पूर्व सरकारों की देन और उन्हीं के ‘स्मारक’ हैं।
पारदर्शी परीक्षा और त्वरित परिणाम: 2017 से पहले परीक्षाओं, परिणामों और छुट्टियों में महीनों बीत जाते थे और पढ़ाई के लिए समय नहीं मिलता था। अब नई व्यवस्था ‘नकलमुक्त और अकल से युक्त’ है, जहां 14 दिन में परीक्षा और अगले 14-15 दिनों में परिणाम जारी कर दिए जाते हैं।
रसोइया बहनों को रक्षाबंधन का तोहफा: सीएम ने 3.54 लाख रसोइया बहनों के मानदेय को 2,000 रुपये से बढ़ाकर 3,000 रुपये कर दिया है। इसके साथ ही दुर्घटना पर 2 लाख रुपये की सहायता, प्रतिवर्ष 5 लाख रुपये तक का मुफ्त कैशलेस स्वास्थ्य बीमा और परिधान भत्ता 500 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये कर दिया गया है।
सपा पर तंज और हमला: मुख्यमंत्री ने सपा प्रमुख पर तंज कसते हुए कहा, “हम 18 घंटे काम करते हैं, तब परिणाम आते हैं। कोई बबुआ की तरह 12 बजे सोकर उठे, 2 बजे तैयार हो और 5 बजे जिम जाए तो काम कब करेगा?” उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व सरकार के समय दंगे, कर्फ्यू और भ्रष्टाचार चरम पर था, जिसे जनता अगले चुनाव में पूरी तरह साफ कर देगी।
मिड-डे मील और सुरक्षा के निर्देश: बेसिक शिक्षा परिषद के 1.42 लाख विद्यालयों में पढ़ रहे 1.5 करोड़ बच्चों को स्वच्छ और पौष्टिक आहार (मिलेट्स, मौसमी फल) देने के कड़े निर्देश दिए गए हैं। सीएम ने रसोइयों को सतर्क करते हुए कहा कि भोजन की गुणवत्ता में कोई लापरवाही या बाहरी व्यक्ति का प्रवेश नहीं होना चाहिए।



