यूपी के 3.53 लाख रसोइयों को सीएम योगी का बड़ा तोहफा: मानदेय बढ़ा, ₹5 लाख तक मुफ्त इलाज के लिए कैशलेस हेल्थ कार्ड जारी

यूपी के 3.53 लाख रसोइयों को सीएम योगी का बड़ा तोहफा: मानदेय बढ़ा, ₹5 लाख तक मुफ्त इलाज के लिए कैशलेस हेल्थ कार्ड जारी
लखनऊ में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में सीएम योगी ने बांटे आयुष्मान/कैशलेस कार्ड; डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक बोले— 2027 की परीक्षा में जन-कल्याण के कार्यों को देखकर वोट दें।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के परिषदीय एवं एडेड (सहायता प्राप्त) स्कूलों में कार्यरत 3.53 लाख रसोइयों को बड़ा सामाजिक व वित्तीय सुरक्षा कवच दिया है। रविवार को राजधानी लखनऊ स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रसोइयों को कैशलेस चिकित्सा कार्ड वितरित किए। कार्यक्रम में प्रतीकात्मक रूप से मंच से 11 रसोइयों को आयुष्मान/कैशलेस हेल्थ कार्ड और चेक सौंपे गए।
इस अवसर पर प्रदेश भर से आए लगभग 1500 रसोइयों ने भाग लिया। जिला एवं तहसील स्तरों पर भी स्थानीय प्रतिनिधियों के माध्यम से रसोइयों के सम्मान में विशेष समारोह आयोजित किए गए।
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का देशी अंदाज में संबोधन:
समारोह के दौरान प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने रसोइयों को अपने सहज एवं देशी अंदाज में संबोधित करते हुए कहा:
”जिज्जी, बहिनी और बिटिया या बताओ आज तक कौनो मुख्यमंत्री तुम्हार सुधि लिहिस रहे? सब लोग बताओ। आज जानि लेव तुम्हरौ सुधि ले वालौ कोऊ है।”
उन्होंने कहा कि सरकार ने रसोइयों का मानदेय ₹2,000 से बढ़ाकर ₹3,000 कर दिया है और अब किसी भी प्रकार की बीमारी में इलाज के लिए परेशान होने की जरूरत नहीं है, क्योंकि सरकार ₹5 लाख तक का कैशलेस/फ्री इलाज उपलब्ध करा रही है।
2027 के चुनावी समर का जिक्र:
बातचीत के दौरान डिप्टी सीएम ने आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव की तुलना स्कूल परीक्षा से की। उन्होंने कहा कि जैसे सब्जी या घड़ा खरीदते समय ठोक-बजाकर देखा जाता है, वैसे ही 2027 में जनता को काम और सुरक्षा व्यवस्था परखकर निर्णय लेना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि 2017 से पहले के उत्तर प्रदेश की तुलना में आज प्रदेश से गुंडा-माफिया खत्म हो चुके हैं।



