दुल्लहपुर (गाजीपुर) : युवक ने नीम के पेड़ से लटककर दी जान, सुसाइड नोट में लिखा- “ऊपर वाला न्याय करेगा”

युवक ने नीम के पेड़ से लटककर दी जान, सुसाइड नोट में लिखा- “ऊपर वाला न्याय करेगा”
धमकी और कानूनी कार्रवाई के डर से अवसाद में था युवक; 13 अप्रैल की मारपीट के बाद गांव के कुछ लोग दे रहे थे जेल भेजने की धमकी

दुल्लहपुर (गाजीपुर): दुल्लहपुर थाना क्षेत्र के शिवपुर गांव में गुरुवार की सुबह उस वक्त सनसनी फैल गई, जब एक 25 वर्षीय युवक का शव उसके घर की छत से सटे नीम के पेड़ से लटका मिला। मृतक की पहचान राजाराम कुमार (25), पुत्र रामअवध राम के रूप में हुई है। परिजनों ने जब सुबह नायलॉन की रस्सी के सहारे शव को लटकते देखा, तो कोहराम मच गया। सूचना मिलते ही थाना अध्यक्ष वागिश विक्रम सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
विवाद और मानसिक दबाव की कहानी
परिजनों के अनुसार, बीती 13 अप्रैल को गांव के ही एक व्यक्ति के साथ शराब पीने के दौरान राजाराम की कहासुनी और मारपीट हुई थी। इस संघर्ष में विपक्षी का पैर टूट गया था, जिसका उपचार मऊ के फातिमा अस्पताल में चल रहा है। आरोप है कि इस घटना के बाद गांव के कुछ युवक राजाराम को लगातार डरा-धमका रहे थे। उसे बार-बार कहा जा रहा था कि “तूने बच्चे का पैर तोड़ा है, तुझे जेल और फांसी हो जाएगी।” इस मानसिक दबाव और डर के कारण राजाराम गहरे अवसाद (फ्रस्ट्रेशन) में चला गया था।
सुसाइड नोट में छलका दर्द
पुलिस को छत पर मृतक का एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें उसकी बेबसी और न्याय की गुहार साफ झलक रही है। नोट में लिखा था:
“दोनों निर्दोष हैं… जो ऊपर बैठा है वह न्याय करेगा… अल्लाह भगवान।”
पुलिस ने सुसाइड नोट और नायलॉन की रस्सी को साक्ष्य के रूप में कब्जे में ले लिया है।
बिना पुलिस शिकायत के बढ़ता गया दबाव
हैरानी की बात यह है कि 13 अप्रैल की मारपीट के संबंध में थाने में कोई आधिकारिक तहरीर नहीं दी गई थी। विपक्षी की ओर से पहली बार शिकायती पत्र 22 अप्रैल को दिया गया था। मृतक राजाराम तीन भाइयों और तीन बहनों में पांचवें नंबर पर था। अन्य सभी भाई-बहनों की शादी हो चुकी थी, जबकि राजाराम अविवाहित था। घटना के वक्त उसके पिता रामअवध और मां फुलबसिया देवी घर के भीतर सो रहे थे, जबकि राजाराम छत पर अकेला था।
पुलिस और जनप्रतिनिधियों का बयान
थाना अध्यक्ष वागिश विक्रम सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सुसाइड नोट और मौके से मिले तथ्यों की गहनता से जांच की जा रही है, जिसके आधार पर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, घटना की जानकारी मिलते ही गांव में शोक की लहर दौड़ गई। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि प्रदीप कुमार, पूर्व प्रधान मुन्ना कनौजिया, समाजसेवी विक्की चौहान, जिला पंचायत सदस्य भरत कुमार, विश्वजीत कुमार और वीरेंद्र कुमार बागी ने पीड़ित परिवार से मिलकर संवेदना व्यक्त की और उचित जांच की मांग की।



