किसानों को निशुल्क सरसों व तोरिया बीज के मिनीकिट वितरित
कासिमाबाद में करीब 100 किसानों को मिला लाभ, 75 से 90 दिनों में तैयार हो जाती है तोरिया की फसल

किसानों को निशुल्क सरसों व तोरिया बीज के मिनीकिट वितरित
कासिमाबाद में करीब 100 किसानों को मिला लाभ, 75 से 90 दिनों में तैयार हो जाती है तोरिया की फसल
गाजीपुर। जनपद में तिलहन उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कृषि विभाग की ओर से बुधवार को विकासखंड कासिमाबाद में किसानों को तोरिया एवं सरसों बीज के निशुल्क मिनीकिट वितरित किए गए। जिला कृषि अधिकारी की ओर से करीब 100 किसानों को बीज का वितरण कराया गया।उप कृषि निदेशक ने बताया कि तोरिया अल्प अवधि में तैयार होने वाली तिलहनी फसल है। धान की अगेती फसल लेने वाले तथा गेहूं की मध्य या विलंब से बुवाई करने वाले किसानों के लिए तोरिया कैच क्राप के रूप में काफी उपयोगी है। इससे किसान धान और गेहूं की फसल के बीच उपलब्ध समय का बेहतर उपयोग कर अतिरिक्त उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं।उन्होंने बताया कि तोरिया की फसल लगभग 75 से 90 दिनों में पककर तैयार हो जाती है। सितंबर में इसकी बुवाई करने पर नवंबर के अंतिम सप्ताह तक फसल की कटाई पूरी की जा सकती है। इससे खेत समय से खाली हो जाता है और किसान उसी खेत में बिना देरी के गेहूं की रबी फसल की बुवाई कर सकते हैं।कृषि विभाग की ओर से किसानों को बताया गया कि जनपद के सभी कृषि निवेश केंद्रों पर गेहूं, चना, सरसों, तोरिया, जौ, मटर एवं मसूर के प्रमाणित बीज उपलब्ध हैं। किसानों से अपील की गई कि वे समय से कृषि विभाग के पोर्टल पर ऑनलाइन बुकिंग कराकर आवश्यकतानुसार बीज प्राप्त कर लें।कृषि विभाग ने किसानों से तिलहन फसलों को बढ़ावा देने के साथ ही उपलब्ध कृषि संसाधनों का समय से उपयोग करने की अपील की है।



