ईसानगर -खीरी : ईसानगर बाजार में अवारा पशुओं का आतंक

ईसानगर बाजार में अवारा पशुओं का आतंक

साप्ताहिक बाजार के दिन सांड़ों की आपस में जबर्दस्त भिड़ंत ,कई मोटर साइकिल व साइकिलें क्षतिग्रस्त

(अनुपम मिश्रा)

ईसानगर -खीरी। धौरहरा तहसील क्षेत्र के कस्बा ईसानगर में साप्ताहिक बाजार के दिन सांडों की जबरदस्त भिड़ंत में कई मोटरसाइकिल व साइकिल क्षतिग्रस्त हो गईं, सदर बाजार में मौजूद लोग व दुकानदारों ने पानी डालकर व लाठी डंडो के सांड़ों की लड़ाई को शांत कराना चाहा किंतु भिड़ंत इतनी जबर्दस्त थी कि उनपर किए गए सारे प्रयास व्यर्थ और बेअसर रहे ,दो सांड काफी देर से लड़ ही रहे थे तभी तीसरा आ गया, लड़ाई और ज्यादा उग्र हो गई,तीनों की लड़ाई में कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए, करीब पच्चीस मिनट तक चली इस जबर्दस्त लड़ाई के दौरान लोगों में अफरा तफरी का माहौल रहा।

कस्बा ईसानगर के मुख्य मार्ग पर मंगलवार की शाम अवारा पशुओं का आतंक जमकर देखने को मिला। बता दें, मंगलवार को कस्बा की साप्ताहिक बाजार भी लगती है, जहां पर आस पास के गांवों से लोग अपनी जरूरत का सामान व सब्जी आदि की खरीददारी करते हैं,कस्बा स्थित चांद खां के मेडिकल के सामने से शुरू हुई लड़ाई मुख्य मार्ग पर आशुतोष गुप्ता रेडीमेड की दुकान से लेकर इंडियन बैंक के सामने तक सड़क पर बीचों बीच काफी देर तक चली, जिससे राहगीरों व दुकानदारों में भगदड़ मच गई और अफरा तफरी का माहौल बना रहा, सड़क के किनारे वाहनों को खड़ा करके सामान खरीद रहे लोग पैदल ही अपने वाहनों को लेकर भागे, इस दौरान सड़क के किनारे खड़े कई मोटरसाइकिल क्षतिग्रस्त भी हो गईं, बाजार में खरीददारी करने आए तीन लोगों की मोटरसाइकिल व दो साइकिलें लड़ाई के दौरान क्षतिग्रस्त हो गईं। इस दौरान साप्ताहिक बाजार होने के चलते दोनों तरफ से आने वाले लोग सहम गए और भाग खड़े हुए,साड़ों की लड़ाई खत्म होने का इंतजार करते रहे, करीब आधा घंटे तक चली इस लड़ाई के दौरान बाजार के मुख्य मार्ग पर अफरा तफरी मची रही। करीब आधे घंटे तक सांड़ बाजार में तांडव करते रहे, इसी दौरान कई लोगों ने एक साथ मिलकर हल्ला बोल तथा लाठी डंडो व बांस बल्लियों के सहारे काफी देर से लड़ रहे सांडों को दौड़ाया तब जाकर सांड़ लड़ाई छोड़ भाग निकले, जिसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली और लोगों का आवागमन शुरू हुआ। साड़ों की जबरदस्त लड़ाई का वहां मौजूद कई लोगों ने अपने कैमरे में भी कैद किया, करीब आधे घंटे तक बाजार में अफरा तफरी मची रही।

