गोरखपुर शहर के अधिवक्ता आयुष शुक्ला पहुंचे सुप्रीम कोर्ट, करेंगे केंद्र सरकार के मामलों की पैरवी

गोरखपुर शहर के अधिवक्ता आयुष शुक्ला पहुंचे सुप्रीम कोर्ट, करेंगे केंद्र सरकार के मामलों की पैरवी
न्याय एवं विधि मंत्रालय के न्यायिक अनुभाग की ओर से 21 नवंबर 2025 को जारी आदेश के साथ उनकी नियुक्ति को तीन वर्षों के लिए प्रभावी घोषित किया गया है।मंत्रालय ने पहले से मौजूद पैनल वकीलों की सूची में संशोधन करते हुए कई नाम हटाए और अद्यतन सूची में नए और बेहतर प्रदर्शन वाले वकीलों को जोड़ा है।
केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में अपने केसों की वकालत के लिए अधिवक्ताओं की नई सूची जारी कर दी है। इसमें गोरखपुर के अधिवक्ता आयुष कुमार शुक्ला को ग्रुप ‘सी’ पैनल में शामिल किया गया है। न्याय एवं विधि मंत्रालय के न्यायिक अनुभाग की ओर से 21 नवंबर 2025 को जारी आदेश के साथ उनकी नियुक्ति को तीन वर्षों के लिए प्रभावी घोषित किया गया है।
मंत्रालय ने पहले से मौजूद पैनल वकीलों की सूची में संशोधन करते हुए कई नाम हटाए और अद्यतन सूची में नए और बेहतर प्रदर्शन वाले वकीलों को जोड़ा है। इन्हीं में गोरखपुर के आयुष शुक्ला का नाम भी शामिल है। नियुक्ति के बाद अब वे सुप्रीम कोर्ट में केंद्र सरकार की ओर से विभिन्न मामलों की पैरवी करेंगे।
नियुक्ति से जुड़े सभी नियम व शर्तें मंत्रालय की पुरानी
अधिसूचनाओं 24 सितंबर 1999 और एक अक्तूबर 2015 के अनुसार लागू रहेंगी। आदेश की डिजिटल प्रति संबंधित विभागों को ई-मेल के माध्यम से भेज दी गई है और इसे न्याय एवं विधि मंत्रालय की वेबसाइट पर भी अपलोड किया गया है।
शाहपुर क्षेत्र के शिवपुर सहबाजगंज निवासी आयुष शुक्ला ने प्रारंभिक शिक्षा गोरखपुर में ही प्राप्त की। उन्होंने केंद्र सरकार और कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें सौंपी गई जिम्मेदारी को वे पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निभाएंगे।



