
डीएम और एसपी ने मतदान केंद्रों का किया निरीक्षण
स्नातक निर्वाचन में 43.61 और शिक्षक निर्वाचन में 69.52 प्रतिशत हुआ मतदान
गाजीपुर। उत्तर प्रदेश विधान परिषद के वाराणसी खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन के तहत शुक्रवार को जनपद गाजीपुर में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। मतदान प्रक्रिया को स्वतंत्र, निष्पक्ष, पारदर्शी एवं सकुशल संपन्न कराने के उद्देश्य से जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला और पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह पूरे दिन भ्रमणशील रहे। दोनों अधिकारियों ने जिले के विभिन्न मतदान केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों एवं मतदान कार्मिकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने सिटी इंटर कॉलेज गाजीपुर, हनुमान सिंह इंटर कॉलेज देवकली, विकासखंड जखनियां, नेशनल इंटर कॉलेज कासिमाबाद तथा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज जमानियां सहित विभिन्न मतदान केंद्रों का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने मतदान केंद्रों पर वेबकास्टिंग, विद्युत आपूर्ति, पेयजल तथा सुरक्षा व्यवस्था की स्थिति देखी और सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए।जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने मतदान कार्मिकों को निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करते हुए निष्पक्षता एवं पारदर्शिता के साथ मतदान प्रक्रिया संपन्न कराने को कहा। उन्होंने मतदान केंद्रों पर व्यवस्थाओं को व्यवस्थित बनाए रखने पर जोर दिया।वहीं, पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते हुए पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सतर्क रहने तथा मतदान केंद्रों पर शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने मतदान प्रक्रिया के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न होने देने के लिए आवश्यक सतर्कता बरतने को कहा।स्नातक में 43.61 और शिक्षक वर्ग में 69.52 प्रतिशत मतदान प्रशासन की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, शुक्रवार को शाम चार बजे तक वाराणसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में कुल 21,926 मत पड़े। इसके आधार पर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 43.61 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। वहीं, वाराणसी खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में कुल 4,306 मत पड़े, जिसके अनुसार मतदान प्रतिशत 69.52 रहा।जनपद में मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण एवं सकुशल संपन्न हुई। पूरे दिन प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी मतदान केंद्रों की निगरानी करते रहे और निर्वाचन व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में जुटे रहे।



