
सपा जिला उपाध्यक्ष आमिर अली को हाउस अरेस्ट करने पर कार्यकर्ताओं ने जताई आपत्ति
विधानसभा अध्यक्ष अवधेश यादव ने प्रशासन की कार्रवाई को बताया निंदनीय, चुनाव आयोग से शिकायत करने की कही बात

जखनियां (गाजीपुर)। वाराणसी खंड स्नातक एवं शिक्षक एमएलसी चुनाव के दौरान शुक्रवार को जखनियां क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मी तेज रही। इसी बीच समाजवादी पार्टी के जिला उपाध्यक्ष आमिर अली को भुड़कुड़ा पुलिस द्वारा उनके आवास अलीपुर मदरा में हाउस अरेस्ट किए जाने का मामला सामने आया। इसकी जानकारी मिलने पर स्थानीय सपा कार्यकर्ताओं ने आपत्ति जताते हुए प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाए।समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं का आरोप है कि जिला उपाध्यक्ष आमिर अली को मतदान के दिन सुबह ही उनके आवास पर रोक दिया गया, जिससे वह चुनावी गतिविधियों में शामिल नहीं हो सके। इस कार्रवाई को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं में नाराजगी देखने को मिली। कार्यकर्ताओं ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में सभी राजनीतिक दलों को निष्पक्ष तरीके से अपनी बात रखने और चुनाव प्रक्रिया में भाग लेने का अवसर मिलना चाहिए।इस मामले पर समाजवादी पार्टी के विधानसभा अध्यक्ष अवधेश यादव उर्फ राजू ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि प्रशासन द्वारा जिला उपाध्यक्ष आमिर अली को हाउस अरेस्ट किया जाना गलत है और पार्टी इसकी शिकायत निर्वाचन आयोग से करेगी।उन्होंने आरोप लगाया कि आमिर अली समाजवादी पार्टी के कद्दावर नेताओं में शामिल हैं। यदि उन्हें घर पर नहीं रोका जाता तो वह क्षेत्र में रहकर पार्टी के पक्ष में प्रचार-प्रसार करते और मतदाताओं को मतदान के लिए प्रेरित करते। विधानसभा अध्यक्ष ने प्रशासन की इस कार्रवाई को निंदनीय बताते हुए कहा कि इस तरह की कार्रवाई से पार्टी कार्यकर्ताओं में असंतोष है। उन्होंने पूरे मामले की शिकायत संबंधित अधिकारियों और निर्वाचन आयोग से करने की बात कही।वहीं, इस संबंध में क्षेत्राधिकारी भुड़कुड़ा रामकृष्ण तिवारी ने बताया कि चुनाव के मद्देनजर ऐसे व्यक्तियों को पहले से चिन्हित किया गया था, जिन्हें मतदान स्थल से दूर रहने की सूचना दी गई थी। उन्होंने कहा कि संबंधित व्यक्ति किसी भी राजनीतिक दल से जुड़े हों, निर्धारित प्रक्रिया के तहत उन्हें मतदान स्थल से दूर रहने के लिए पहले ही अवगत कराया गया था। इसी प्रक्रिया के तहत आमिर अली को भी मतदान स्थल से दूर रखा गया।चुनाव के दौरान जखनियां क्षेत्र में विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का माहौल बना रहा। वहीं, प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और मतदान प्रक्रिया को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाने की बात कही गई।इस प्रकरण को लेकर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने अपनी नाराजगी जाहिर की है, जबकि पुलिस ने कार्रवाई को चुनाव के दौरान अपनाई गई पूर्व निर्धारित प्रक्रिया का हिस्सा बताया है।



