Breaking Newsभारतराजनीति

गाजीपुर : स्वस्थ और निरोगी जीवन के लिए प्राकृतिक खेती अपनाना समय की मांग : ओम प्रकाश राय

स्वस्थ और निरोगी जीवन के लिए प्राकृतिक खेती अपनाना समय की मांग : ओम प्रकाश राय

पीजी कॉलेज कृषि विज्ञान केंद्र में दो दिवसीय कार्यशाला, प्राकृतिक खेती व श्री अन्न उत्पादों के प्रदर्शन ने आकर्षित किया किसानों का ध्यान

गाजीपुर, 19 जून। प्राकृतिक खेती कोई नई अवधारणा नहीं, बल्कि हमारी प्राचीन ऋषि परंपरा की ध्वजवाहक है। स्वस्थ एवं निरोगी जीवन के लिए अब इस भूली-बिसरी कृषि पद्धति को पुनर्जीवित करने का समय आ गया है। यह बातें भाजपा जिलाध्यक्ष ओम प्रकाश राय ने कृषि विभाग द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र, पीजी कॉलेज में आयोजित प्राकृतिक खेती की दो दिवसीय कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहीं।उन्होंने कहा कि बदलते समय के साथ कृषि की सोच में भी परिवर्तन आया है। लगभग 50 वर्ष पूर्व किसानों को रासायनिक उर्वरकों के प्रयोग के लिए प्रेरित किया जाता था, लेकिन आज स्वस्थ जीवन और पर्यावरण संरक्षण के लिए रासायनिक उर्वरकों से दूरी बनाने की आवश्यकता महसूस की जा रही है।कार्यक्रम की मुख्य अतिथि नगर पालिका परिषद गाजीपुर की अध्यक्ष श्रीमती सरिता अग्रवाल ने कहा कि प्रारंभ में किसानों को यह आशंका रहती है कि प्राकृतिक खेती से उत्पादन कम होगा, लेकिन तीन से चार वर्षों तक लगातार इस पद्धति को अपनाने के बाद मिट्टी की उर्वरता बढ़ जाती है और उत्पादन भी रासायनिक खेती के बराबर प्राप्त होने लगता है।उप कृषि निदेशक विजय कुमार ने प्राकृतिक खेती से जुड़े किसानों, कृषि सखियों एवं कृषि उत्पादक संगठनों के सदस्यों से राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत विकास भवन और विकास खंडों में संचालित प्रेरणा कैंटीन से जुड़कर प्राकृतिक एवं श्री अन्न से निर्मित उत्पादों के विपणन की अपील की। उन्होंने बताया कि कृषि विभाग को मिलेट्स पुनरोद्धार कार्यक्रम के अंतर्गत मिलेट्स आउटलेट की स्थापना के लिए 10 लाख रुपये अनुदान का लक्ष्य प्राप्त हुआ है, जिसके लिए इच्छुक व्यक्ति आवेदन कर सकते हैं कार्यशाला में कृषि विज्ञान केंद्र, पीजी कॉलेज के वैज्ञानिक डॉ. एस.के. सिंह ने प्राकृतिक खेती के विभिन्न अवयवों जैसे जीवामृत, घनजीवामृत, बीजामृत, ब्रह्मास्त्र, नीमास्त्र और अग्नास्त्र आदि का लाइव प्रदर्शन कर किसानों को व्यावहारिक जानकारी दी।इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों ने श्री अन्न से बने विभिन्न व्यंजनों का स्वाद लिया और उनकी सराहना की। लहुरी काशी वुमेन फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी की अध्यक्ष श्रीमती अंजू चतुर्वेदी द्वारा रागी से तैयार श्री अन्न के केक का प्रदर्शन भी आकर्षण का केंद्र रहा। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों और फार्मर प्रोड्यूसर कंपनियों द्वारा स्टॉल लगाकर अपने उत्पादों का प्रदर्शन किया गया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button