गोरखपुर-वाराणसी हाईवे पर अज्ञात वाहन का कहर: KGMU में जिंदगी की जंग हारा युवक, रूस में बैठे भाई को मिली मौत की खबर

गोरखपुर-वाराणसी हाईवे पर अज्ञात वाहन का कहर: KGMU में जिंदगी की जंग हारा युवक, रूस में बैठे भाई को मिली मौत की खबर
गगहा (गोरखपुर): गोरखपुर-वाराणसी हाईवे पर हुए एक भीषण सड़क हादसे ने बंधवा गांव के एक और परिवार के चिराग को हमेशा के लिए बुझा दिया। गगहा थाना क्षेत्र के निवासी 35 वर्षीय सूरज पांडेय की किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU), लखनऊ में इलाज के दौरान मौत हो गई। शुक्रवार को जब सूरज का पार्थिव शरीर गांव पहुंचा, तो कोहराम मच गया। नम आंखों से बड़हलगंज मुक्ति पथ पर उनका अंतिम संस्कार किया गया।
बरच्छा में शामिल होने जा रहे थे साथी के साथ
हादसा बीते 1 मई की रात का है। सूरज पांडेय अपने गांव के ही कृष्ण मोहन पांडेय (45) के साथ बाइक से एक ‘बरच्छा’ (वैवाहिक कार्यक्रम) में शामिल होने बेदौली जा रहे थे। बाइक अभी गगहा के परेसापार गांव के पास पहुंची ही थी कि किसी अज्ञात वाहन ने उन्हें रौंद दिया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक सवार दोनों युवक दूर जा गिरे।
हेलमेट न होने से सिर में आई घातक चोट
हादसे में कृष्ण मोहन के पैर में गंभीर फ्रैक्चर हुआ, जिनका इलाज गोरखपुर में चल रहा है। लेकिन बाइक के पीछे बैठे सूरज पांडेय के लिए यह सफर जानलेवा साबित हुआ। हेलमेट न लगाने के कारण उनके सिर में गंभीर चोट आई थी। हालत नाजुक देखते हुए परिजनों ने उन्हें लखनऊ के KGMU में भर्ती कराया, जहाँ डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद बृहस्पतिवार रात सूरज ने दम तोड़ दिया।
मां का इकलौता सहारा था सूरज
सूरज के सिर से पिता का साया पहले ही उठ चुका था। छोटा भाई ऋषभ पांडेय अभी कुछ ही दिन पहले रोजगार की तलाश में रूस गया है। ऐसे में घर की पूरी जिम्मेदारी और मां का एकमात्र सहारा सूरज ही था। बेटे की मौत की खबर मिलते ही मां बेसुध है, उनका रो-रोकर बुरा हाल है।
ग्रामीणों ने दी अंतिम विदाई
शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद जब सूरज का शव गांव पहुंचा, तो पूरा गांव शोक में डूब गया। हर किसी की जुबान पर बस एक ही बात थी कि काश उस रात सूरज ने हेलमेट पहना होता। ग्रामीणों ने सजल आंखों के साथ अपने साथी को अंतिम विदाई दी।
सीख: यह हादसा हमें याद दिलाता है कि सड़क पर आपकी एक छोटी सी सावधानी, आपके परिवार की खुशियां सुरक्षित रख सकती है। कृपया हेलमेट जरूर पहनें।



