मायावती ने अशोक सिद्धार्थ और रणधीर सिंह बेनीवाल को बसपा से निष्कासित किया, संगठन में बड़े बदलावों का किया ऐलान

मायावती ने अशोक सिद्धार्थ और रणधीर सिंह बेनीवाल को बसपा से निष्कासित किया, संगठन में बड़े बदलावों का किया ऐलान
बहुजन समाज पार्टी (BSP) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने पार्टी में अनुशासनहीनता और दिशा-निर्देशों के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए पूर्व सांसद अशोक सिद्धार्थ और रणधीर सिंह बेनीवाल को तत्काल प्रभाव से पार्टी से निष्कासित कर दिया है।
मायावती के इस बड़े फैसले के मुख्य बिंदु:
अशोक सिद्धार्थ पर कार्रवाई: मायावती ने बताया कि अशोक सिद्धार्थ को पहले भी अनुशासनहीनता के कारण पार्टी से निकाला गया था। दोबारा वापसी पर उन्हें सिर्फ यूपी से बाहर पार्टी विस्तार की जिम्मेदारी दी गई थी, लेकिन कर्नाटक, ओडिशा और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में भी वे सही से जिम्मेदारी नहीं संभाल सके। अब उन्हें हमेशा के लिए पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है।
रणधीर सिंह बेनीवाल पर कार्रवाई: पंजाब, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के कोऑर्डिनेटर के रूप में कार्यरत रणधीर सिंह बेनीवाल पर भी अनुशासनहीनता के आरोप में निष्कासन की गाज गिरी है।
रामजी गौतम को जिम्मेदारी: पार्टी फेरबदल के तहत राज्यसभा सांसद रामजी गौतम को पंजाब का दोबारा प्रभारी बनाया गया है, जो आगामी विधानसभा और लोकसभा चुनावों तक यह जिम्मेदारी संभालेंगे।
नई संगठनात्मक नीति: बीएसपी नेतृत्व ने यह नया नीतिगत फैसला लिया है कि यूपी का रहने वाला कोई भी वरिष्ठ पदाधिकारी जो राज्य के बाहर काम कर रहा है, उसे यूपी में पार्टी की कोई भी जिम्मेदारी नहीं दी जाएगी।
कार्यकर्ताओं और मीडिया से अपील:
मायावती ने कार्यकर्ताओं को विरोधी तत्वों और अफवाहों से सावधान रहने की हिदायत दी, वहीं मीडिया से बीएसपी के खिलाफ किसी भी झूठी या भ्रामक खबर का हिस्सा न बनने की अपील की।



