जखनिया (गाजीपुर) : डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का जीवन राष्ट्र सेवा और बलिदान का प्रतीक रहा : प्रमोद वर्मा

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का जीवन राष्ट्र सेवा और बलिदान का प्रतीक रहा : प्रमोद वर्मा

जखनिया (गाजीपुर), 6 जुलाई। भारतीय जनसंघ के संस्थापक, प्रखर राष्ट्रवादी विचारक एवं महान शिक्षाविद डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती पर जखनिया क्षेत्र के बूथ संख्या 242 पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम का आयोजन भाजपा मंडल अध्यक्ष धर्मवीर राजभर के नेतृत्व में किया गया।इस अवसर पर भाजपा व्यापार प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष प्रमोद वर्मा ने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने अपना संपूर्ण जीवन राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए समर्पित कर दिया। उन्होंने कहा कि जब देश में धारा 370 लागू कर जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा दिया गया, तब डॉ. मुखर्जी ने इसका पुरजोर विरोध करते हुए “एक देश, एक विधान, एक प्रधान” का नारा दिया और इसी उद्देश्य को लेकर आंदोलन किया। उन्होंने कहा कि 23 जून 1953 को डॉ. मुखर्जी का बलिदान हो गया, लेकिन उनका सपना वर्षों बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में धारा 370 और अनुच्छेद 35ए हटाकर साकार हुआ।प्रमोद वर्मा ने कहा कि पूर्वजों के विचारों और बलिदानों का स्मरण राष्ट्र को नई दिशा और शक्ति प्रदान करता है तथा डॉ. मुखर्जी का योगदान सदैव देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत बना रहेगा।कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे भाजपा मंडल अध्यक्ष धर्मवीर राजभर ने कहा कि धारा 370 हटने के बाद जम्मू-कश्मीर में विकास, कनेक्टिविटी और राष्ट्रीय एकता को नई मजबूती मिली है। उन्होंने कहा कि आज डॉ. मुखर्जी का सपना धरातल पर साकार होता दिखाई दे रहा है और उनका राष्ट्रवादी चिंतन देश को निरंतर प्रेरित कर रहा है।कार्यक्रम में मंडल महामंत्री पीयूष सिंह, युवा मोर्चा मंडल अध्यक्ष प्रशांत सिंह, संतोष कश्यप, वरुण पांडेय, राजेश चौहान, कन्हैया चौहान, धर्मेंद्र चौरसिया, रामसेवक प्रजापति, मोनू खान, गुड्डू सिंह, रामनिवास राम, यशवंत चौहान, पिंटू राम, इकबाल अंसारी, राजेश जायसवाल, धर्मेंद्र कुशवाहा, अशोक गुप्ता सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।



