लखनऊ: योगी सरकार में मंत्री और अफसरों में ठनी, राजभर ने CM योगी कोई लिखा पत्र – बोले, प्रचार का पैसा खा गए, प्रमुख सचिव और निदेशक को हटाओ

लखनऊ: योगी सरकार में मंत्री और अफसरों में ठनी, राजभर ने CM योगी कोई लिखा पत्र – बोले, प्रचार का पैसा खा गए, प्रमुख सचिव और निदेशक को हटाओ

लखनऊ। यूपी की योगी सरकार में पंचायतीराज मंत्री ओमप्रकाश राजभर और उनके ही विभाग के अफसरों के बीच ठन गई है। मंत्री राजभर ने अपने विभाग के प्रमुख सचिव अनिल कुमार और निदेशक अमित कुमार सिंह के खिलाफ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दोनों अधिकारियों को तुरंत हटाने की मांग की है।
राजभर का आरोप है कि अफसर किसी की सुनते नहीं हैं और विभाग की योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए आए पैसे को मिलीभगत कर खा रहे हैं।
क्या है पूरा मामला? – डिजिटल लाइब्रेरी के टेंडर पर फंसा पेंच
सूत्रों के मुताबिक, पंचायतीराज विभाग में इस समय डिजिटल लाइब्रेरी योजना पर काम चल रहा है। इसके दूसरे चरण के टेंडर को लेकर मंत्री और अफसरों के बीच सहमति नहीं बन पाई। मंत्री का आरोप है कि अफसरों ने उनकी सहमति के बिना ही फाइल मुख्य सचिव के जरिए ऊपर भेजकर फैसला करवा लिया। इसी बात से नाराज होकर राजभर ने सीधे सीएम योगी से शिकायत की है।
मंत्री बोले – ऊपर से तय होता है, नीचे लागू नहीं होता
एक मीडिया हाउस से बातचीत में ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि “ऊपर से जो कुछ भी तय होता है, उसे विभाग में लागू नहीं किया जा रहा है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि –
– ग्रामीण इलाकों में फीकल स्लज ट्रीटमेंट (FSTP) परियोजना के काम में लापरवाही बरती जा रही है।
– एक तरफ पहले चरण की डिजिटल लाइब्रेरी का काम पूरा होने की रिपोर्ट लगाई गई, तो दूसरी तरफ इसी मामले में 16 डीपीआरओ के खिलाफ कार्रवाई के लिए लिखा गया।
– संभल और उन्नाव की डिजिटल लाइब्रेरियों में लापरवाही हुई है।
– पंचायती राज की योजनाओं के प्रचार-प्रसार का पैसा मनमाने ढंग से खर्च किया गया।
सीएम से कहा – दोनों अफसरों को हटाओ
राजभर ने कहा कि चुनाव सिर पर है और पहले चरण की डिजिटल लाइब्रेरी का काम भी अभी तक पूरा नहीं हुआ है, इसलिए उन्होंने काम को जल्दी पूरा करने को कहा था। टेंडर में किसी खास एजेंसी के चयन की कोई बात नहीं हुई है।
मंत्री ने साफ कहा है कि उन्होंने सीएम योगी को पत्र लिखकर पूरी स्थिति से अवगत करा दिया है और मौखिक रूप से भी प्रमुख सचिव अनिल कुमार और निदेशक अमित कुमार सिंह के खिलाफ एक्शन लेकर उन्हें हटाने को कहा है।



