गाजीपुर (जखनिया): चारधाम यात्रा से लौट रहे अधिवक्ताओं की कार दुर्घटनाग्रस्त, सुनीता सिंह और अधिवक्ता रजनीकांत पाण्डेय की हुई थी मौत – आज अलीपुर मदंरा में उमड़ा जनसैलाब, नम आंखों से दी गई अंतिम विदाई

चारधाम यात्रा से लौट रहे अधिवक्ताओं की कार दुर्घटनाग्रस्त, सुनीता सिंह और अधिवक्ता रजनीकांत पाण्डेय की हुई थी मौत – आज अलीपुर मदंरा में उमड़ा जनसैलाब, नम आंखों से दी गई अंतिम विदाई
घायल पति अखिलानंद सिंह अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे गांव, इकलौते पुत्र ने दी मुखाग्नि; क्षेत्र में शोक की लहर

गाजीपुर (जखनिया):तहसील जखनिया अंतर्गत ग्राम सभा अलीपुर मदंरा में मंगलवार को उस समय शोक की लहर दौड़ गई जब चारधाम यात्रा से लौटते समय सड़क हादसे में जान गंवाने वाली अध्यापिका सुनीता सिंह को अंतिम विदाई दी गई। उनके आवास पर श्रद्धांजलि देने के लिए गांव, क्षेत्र और जनपद से हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े। हर आंख नम थी और माहौल गमगीन।बताया जा रहा है कि वरिष्ठ अधिवक्ता अखिलानंद सिंह अपनी पत्नी सुनीता सिंह, वरिष्ठ अधिवक्ता संजय पांडेय व उनकी पत्नी तथा वाहन चालक वरिष्ठ अधिवक्ता रजनीकांत पांडे के साथ चारधाम यात्रा से वापस लौट रहे थे। इसी दौरान आजमगढ़ मार्ग पूर्वांचल-224 पर उनकी कार ट्रक से दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में मौके पर ही रजनीकांत पांडे और सुनीता सिंह की मृत्यु हो गई, जबकि अन्य लोग घायल हो गए।मंगलवार को सुनीता सिंह का पार्थिव शरीर जब उनके पैतृक गांव अलीपुर मदंरा पहुंचा तो मानो पूरा गांव उमड़ पड़ा। घर से लेकर गाजीपुर घाट तक लोगों की भारी भीड़ देखने को मिली। हर कोई उन्हें अंतिम विदाई देने और शोक संवेदना व्यक्त करने पहुंचा।हादसे में घायल अखिलानंद सिंह जब आजमगढ़ से अपनी पत्नी के अंतिम दर्शन के लिए गांव पहुंचे, तो वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम हो गईं। इस दर्दनाक दृश्य ने सभी को झकझोर कर रख दिया। परिवारजनों का रो-रोकर बुरा हाल था।सुनीता सिंह के इकलौते पुत्र आयुष सिंह ने परंपरागत विधि-विधान के साथ अपनी मां को मुखाग्नि दी। इस दौरान उपस्थित जनसमूह ने नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।अंतिम यात्रा में जिले और क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष ओम प्रकाश राय, पूर्व अध्यक्ष विजेंद्र राय, पूर्व अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह, विपिन कुमार सिंह, ओम ग्रुप के डायरेक्टर मनोज कुमार सिंह सहित बार एसोसिएशन जखनिया के अधिवक्ता, शिक्षकगण और हजारों की संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।परिवार के सदस्यों में छोटे भाई सर्वानंद सिंह (झुन्ना), ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अलीपुर मदंरा, माता तेतरा देवी तथा गर्ल्स डिग्री कॉलेज के प्रबंधक अटल सिंह सहित सभी परिजनों ने नम आंखों से सुनीता सिंह को विदाई दी।इस हृदयविदारक घटना से न केवल गांव बल्कि पूरे क्षेत्र में शोक और संवेदना का माहौल व्याप्त है। लोग इस दुर्घटना को लेकर गहरा दुख व्यक्त कर रहे हैं और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना कर रहे हैं।एक सुखद धार्मिक यात्रा से लौटते समय हुई यह दर्दनाक दुर्घटना कई परिवारों को गहरे सदमे में छोड़ गई। सुनीता सिंह की अंतिम विदाई में उमड़ा जनसैलाब इस बात का प्रमाण था कि उन्होंने घर एवं समाज में गहरी छाप छोड़ी थी। उनकी कमी हमेशा महसूस की जाएगी।



