यूपी: अखिलेश यादव ने की अपील, सारे काम छोड़कर पहले एसआईआर की घपलेबाजी को रोकें; हो रही है धोखाधड़ी

यूपी: अखिलेश यादव ने की अपील, सारे काम छोड़कर पहले एसआईआर की घपलेबाजी को रोकें; हो रही है धोखाधड़ी
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा है कि एसआईआर के नाम पर प्रदेश में एक तरह की धोखाधड़ी हो रही है। प्रदेश की जनता को एकजुट होकर इसे देखना चाहिए।
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सभी विपक्षी दलों के साथ ही एनडीए के सहयोगी दलों से अपील की है कि वे एकजुट हों और भाजपा के वोट काटने के षड्यंत्र का पर्दाफाश करें। जो दल भाजपा को अपना सहयोगी मान रहे हैं, सबसे पहले भाजपा उन्हीं का खात्मा करेगी। इसलिए हमारी प्रत्येक देशवासी से अपील है कि सारे काम छोड़कर एसआईआर की घपलेबाजी को रोकें।
अखिलेश यादव ने शुक्रवार को एसआईआर पर जारी बयान में कहा कि ये लोकतंत्र के साथ धोखाधड़ी है। जनता जागरूक हो, आज वोट काटा जा रहा है, कल को खेत, जमीन, मकान, राशन, जाति और आरक्षण से नाम काटा जाएगा। फिर बात खातों और मध्यवर्ग के लॉकर तक पहुंच जाएगी। यह देशवासियों के खिलाफ एक बहुत बड़ी साजिश है, जो अंग्रेजों की गुलामी से भी खराब स्थिति में ले जाएगी।उन्होंने कहा है कि ऐसी शिकायतें मिली हैं कि प्रदेश में जिला निर्वाचन अधिकारी (डीएम), एडीएम (चुनाव), एसडीएम (ईआरओ) और सुपरवाइजर द्वारा बीएलओ पर दबाव डालकर मतदाताओं के गणना प्रपत्रों को थर्ड ऑप्शन में सब्मिट कराया जा रहा है। बीएलओ द्वारा फर्स्ट आप्शन और सेकेंड ऑप्शन के मानक को पूरा करने वाले मतदाताओं को थर्ड आप्शन में सब्मिट कर देने से 9 दिसंबर को मतदाता सूची का मसौदा (ड्राफ्ट रोल) प्रकाशित होने पर कई करोड़ मतदाताओं को ईआरओ नोटिसें भेजकर उनसे जांच के नाम पर दस्तावेज मांगेंगे। ऐसे में ज्यादातर मतदाताओं के नाम 7 फरवरी की अंतिम मतदाता सूची में डिलीट (कटा) रहेगा।
अखिलेश यादव ने मांग की है कि गणना प्रपत्र भरने संबंधी तमाम दिक्कतों को देखते हुए 9 दिसंबर को ड्राफ्ट रोल (मतदाता सूची) के प्रकाशन को 3 माह और आगे बढ़ाकर नए सिरे से नियमानुसार गणना प्रपत्र सब्मिट कराए जाएं। अखिलेश यादव ने आरोप लगाया है कि संघ परिवार व भाजपा सरकार और चुनाव आयोग के कुछ भ्रष्ट लोग पूरी चुनावी व्यवस्था का अपहरण कर रहे हैं।



