गाजीपुर : ‘साइबर वज्र’ अभियान की बड़ी कार्रवाई: 2.55 करोड़ की साइबर ठगी से जुड़े 7 आरोपी गिरफ्तार, 20 से अधिक शिकायतों का खुलासा

गाजीपुर में ‘साइबर वज्र’ अभियान की बड़ी कार्रवाई: 2.55 करोड़ की साइबर ठगी से जुड़े 7 आरोपी गिरफ्तार, 20 से अधिक शिकायतों का खुलासा

गाजीपुर, 12 जुलाई। उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा चलाए जा रहे प्रदेशव्यापी “साइबर वज्र” अभियान के तहत गाजीपुर पुलिस ने साइबर अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों का संबंध टास्क फ्रॉड, फेक रेटिंग, म्यूल बैंक खाते, संदिग्ध मोबाइल नंबर, पोंजी स्कीम और संदिग्ध एटीएम निकासी के जरिए की जाने वाली साइबर ठगी से है। जांच में इनके विरुद्ध एनसीआरपी पोर्टल पर 20 से अधिक शिकायतों में करीब 2.55 करोड़ रुपये के लेन-देन की संलिप्तता सामने आई है।पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के निर्देश पर अपर पुलिस महानिदेशक वाराणसी जोन एवं डीआईजी वाराणसी परिक्षेत्र के निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा के नेतृत्व में साइबर सेल, साइबर क्राइम थाना और जनपद के विभिन्न थानों की 8 टीमों का गठन किया गया। टीमों ने जिले में एक साथ छापेमारी कर अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए 6 मुकदमे दर्ज किए।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में कुछ सोशल मीडिया के माध्यम से फर्जी निवेश और टास्क गेमिंग का लालच देकर ठगी करते थे, जबकि कुछ बैंक खाते खुलवाकर साइबर ठगी की रकम का लेन-देन कराते थे। दो बाल अपचारियों पर भी कमीशन के लालच में बैंक खाते साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराने का आरोप है।जांच में सामने आया कि आरोपी फ्लिपकार्ट, मिंत्रा, मीशो सहित अन्य ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म के नाम पर फर्जी रेटिंग और टास्क पूरा कराने का झांसा देकर लोगों से ठगी करते थे। वहीं व्हाट्सएप और टेलीग्राम ग्रुप के जरिए भी लोगों को निवेश और कमाई का लालच देकर साइबर अपराध को अंजाम दिया जाता था।इन मामलों में गहमर, दिलदारनगर, मुहम्मदाबाद, सैदपुर, कोतवाली और जमानियां थानों में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) एवं आईटी एक्ट की विभिन्न धाराओं में मुकदमे दर्ज किए गए हैं ।गाजीपुर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर दिखाई देने वाले जल्दी पैसा कमाने, टास्क पूरा करने, निवेश और गेमिंग एप के झांसे में न आएं। किसी भी व्यक्ति को अपने नाम का बैंक खाता या एटीएम कमीशन के लालच में उपलब्ध न कराएं। साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 हेल्पलाइन या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं तथा निकटतम थाने से संपर्क करें।पुलिस का कहना है कि साइबर अपराधियों के विरुद्ध अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।



