डॉक्टर की पत्नी बनी कथित डॉक्टरी लापरवाही का शिकार; न्याय के लिए बिलखते पति ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल

डॉक्टर की पत्नी बनी कथित डॉक्टरी लापरवाही का शिकार; न्याय के लिए बिलखते पति ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल
गोरखपुर
11 मई 2026
आज यहाँ एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए डॉ. सत्य प्रकाश सिंह ने अपनी पत्नी की मृत्यु के पीछे अस्पताल और डॉक्टरों की घोर लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने नम आँखों से इस पूरे घटनाक्रम को समाज और प्रशासन के सामने रखते हुए न्याय की गुहार लगाई है।
घटनाक्रम का विवरण:
डॉ. सिंह द्वारा जारी विवरण के अनुसार, मामला इस प्रकार है:
7 मार्च 2026: उनकी पत्नी को किडनी स्टोन के ऑपरेशन के लिए ‘आदित्य यूरोलॉजी सेंटर एंड मैटरनिटी होम’ में भर्ती कराया गया। ऑपरेशन से पूर्व की सभी जाँच रिपोर्ट सामान्य थीं।
8 मार्च 2026: डॉ. अरविंद तिवारी द्वारा ऑपरेशन किया गया, जिसके तुरंत बाद मरीज की स्थिति बिगड़ने लगी। पेशाब का रंग बदलना, बेचैनी और सीने में दर्द जैसे लक्षण दिखने के बावजूद डॉ. तिवारी ने मरीज को देखने की जहमत नहीं उठाई।
9 मार्च 2026: स्थिति नाजुक होने पर उन्हें ‘सिटी हॉस्पिटल’ ले जाया गया।
26 मार्च 2026: मरीज को SGPGI, लखनऊ रेफर किया गया। वहाँ के विशेषज्ञों ने पुष्टि की कि ऑपरेशन सही तरीके से नहीं हुआ था और किडनी पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी।
10 अप्रैल 2026: निरंतर प्रयासों के बावजूद डॉ. सिंह की पत्नी ने दम तोड़ दिया।
न्याय की गुहार:
डॉ. सत्य प्रकाश सिंह ने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी पर व्यक्तिगत आरोप लगाना मात्र नहीं, बल्कि न्याय पाना है। उन्होंने प्रशासन से माँग की है कि:
संबंधित चिकित्सक और अस्पताल के विरुद्ध सख्त और प्रभावी कानूनी कार्रवाई की जाए।
इस प्रकरण का संज्ञान लिया जाए ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी त्रासदी न झेलनी पड़े।
”यह केवल मेरे परिवार की त्रासदी नहीं है, बल्कि उस भरोसे का कत्ल है जो एक आम आदमी चिकित्सा व्यवस्था पर करता है।”
— डॉ. सत्य प्रकाश सिंह
संपर्क सूत्र:
डॉ. सत्य प्रकाश सिंह
मोबाइल: 9235793298
दिनांक: 11/05/2026



