गाजीपुर : ऑपरेशन कन्विक्शन: 17 साल पुराने एससी/एसटी एक्ट मामले में 7 दोषियों को 3-3 वर्ष की सजा

ऑपरेशन कन्विक्शन: 17 साल पुराने एससी/एसटी एक्ट मामले में 7 दोषियों को 3-3 वर्ष की सजा
भुड़कुड़ा थाना क्षेत्र के मामले में कोर्ट का फैसला, प्रत्येक पर 14 हजार रुपये का अर्थदंड भी
गाजीपुर, 02 अप्रैल 2026। उत्तर प्रदेश पुलिस के “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत गाजीपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मॉनिटरिंग सेल एवं अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी के चलते मारपीट और एससी/एसटी एक्ट से जुड़े वर्ष 2009 के एक मामले में न्यायालय ने सात अभियुक्तों को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई है।जानकारी के अनुसार, थाना भुड़कुड़ा में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 373/2009 (धारा 147, 323/149, 504, 506(2), 427/149 भादवि एवं धारा 3(1)(10) एससी/एसटी एक्ट) में सुनवाई पूरी होने के बाद न्यायालय ने सभी आरोपियों को दोषसिद्ध पाया।दोषी ठहराए गए अभियुक्तों में डब्लू सिंह उर्फ मनीष कुमार सिंह, बब्बू सिंह उर्फ रजनीश सिंह, पिन्टू सिंह, कन्हैया, मुल्लर सिंह, अशोक गिरी एवं गुड्डू गिरी (सभी निवासी जौहरपुर/हुसनपुर, थाना भुड़कुड़ा) शामिल हैं।अदालत ने सभी अभियुक्तों को विभिन्न धाराओं में 1-1 वर्ष का साधारण कारावास एवं अर्थदंड, जबकि धारा 506(2) एवं एससी/एसटी एक्ट के तहत 3-3 वर्ष के कारावास के साथ जुर्माना लगाया है। इस प्रकार प्रत्येक दोषी को कुल 3-3 वर्ष का साधारण कारावास एवं 14-14 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है।पुलिस विभाग के अनुसार, यह सफलता सतत मॉनिटरिंग, साक्ष्यों के प्रभावी प्रस्तुतिकरण और मजबूत अभियोजन का परिणाम है। इस निर्णय से अपराधियों में भय एवं आमजन में न्याय व्यवस्था के प्रति विश्वास और सुदृढ़ होगा। कन्विक्शन: 17 साल पुराने एससी/एसटी एक्ट मामले में 7 दोषियों को 3-3 वर्ष की सजा
भुड़कुड़ा थाना क्षेत्र के मामले में कोर्ट का फैसला, प्रत्येक पर 14 हजार रुपये का अर्थदंड भी
गाजीपुर, 02 अप्रैल 2026। उत्तर प्रदेश पुलिस के “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत गाजीपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मॉनिटरिंग सेल एवं अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी के चलते मारपीट और एससी/एसटी एक्ट से जुड़े वर्ष 2009 के एक मामले में न्यायालय ने सात अभियुक्तों को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई है।जानकारी के अनुसार, थाना भुड़कुड़ा में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 373/2009 (धारा 147, 323/149, 504, 506(2), 427/149 भादवि एवं धारा 3(1)(10) एससी/एसटी एक्ट) में सुनवाई पूरी होने के बाद न्यायालय ने सभी आरोपियों को दोषसिद्ध पाया।दोषी ठहराए गए अभियुक्तों में डब्लू सिंह उर्फ मनीष कुमार सिंह, बब्बू सिंह उर्फ रजनीश सिंह, पिन्टू सिंह, कन्हैया, मुल्लर सिंह, अशोक गिरी एवं गुड्डू गिरी (सभी निवासी जौहरपुर/हुसनपुर, थाना भुड़कुड़ा) शामिल हैं।अदालत ने सभी अभियुक्तों को विभिन्न धाराओं में 1-1 वर्ष का साधारण कारावास एवं अर्थदंड, जबकि धारा 506(2) एवं एससी/एसटी एक्ट के तहत 3-3 वर्ष के कारावास के साथ जुर्माना लगाया है।
इस प्रकार प्रत्येक दोषी को कुल 3-3 वर्ष का साधारण कारावास एवं 14-14 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है।पुलिस विभाग के अनुसार, यह सफलता सतत मॉनिटरिंग, साक्ष्यों के प्रभावी प्रस्तुतिकरण और मजबूत अभियोजन का परिणाम है। इस निर्णय से अपराधियों में भय एवं आमजन में न्याय व्यवस्था के प्रति विश्वास और सुदृढ़ होगा।



