पालक्काड़ (केरल) : केरल की श्रीमती प्रमिला विश्व हिंदू रक्षा परिषद महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष मनोनीत

केरल की श्रीमती प्रमिला विश्व हिंदू रक्षा परिषद महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष मनोनीत
हिन्दू एकता से ही लव जिहाद और धर्मांतरण का खात्मा संभव : गोपाल राय
केरल के पालक्काड़ में गोपाल राय का हुंकार, कहा- जिहादी ताकतों को दफन करके ही लेंगे दम

पालक्काड़ (केरल), रविवार। केरल के पालक्काड़ में विश्व हिन्दू रक्षा परिषद द्वारा “हमारा मंदिर – हमारी शक्ति” (केरल चैप्टर) कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में हिन्दू समाज के लोगों, सामाजिक कार्यकर्ताओं तथा संगठन के पदाधिकारियों ने भाग लिया। पूरे कार्यक्रम के दौरान मंदिरों की सुरक्षा, हिन्दू एकता, सनातन संस्कृति की रक्षा, सामाजिक समरसता तथा राष्ट्रहित जैसे विषय प्रमुख रूप से केंद्र में रहे। इसी अवसर पर विश्व हिन्दू रक्षा परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष श्री गोपाल राय ने केरल के पालक्काड़ जिले की पूर्व महापौर एवं भारतीय जनता पार्टी की नेत्री श्रीमती प्रमिला को विश्व हिन्दू रक्षा परिषद महिला मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष पद पर मनोनीत किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विश्व हिन्दू रक्षा परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष एवं रेल मंत्रालय, भारत सरकार के सलाहकार श्री गोपाल राय ने कहा कि संगठन के कार्यालय में समय-समय पर लव जिहाद और धर्मांतरण से जुड़े अनेक मामले सामने आते रहते हैं। उन्होंने बताया कि 20 जून 2026 को उत्तर प्रदेश के जनपद गोंडा निवासी हमजा अली तथा बाराबंकी निवासी शबनम बानो ने अपनी स्वेच्छा से पूर्ण वैदिक विधि-विधान एवं शुद्धिकरण प्रक्रिया के साथ हिन्दू धर्म में घर वापसी की।
गोपाल राय ने कहा कि दूसरी ओर ऐसे अनेक मामले भी सामने आते हैं, जिनमें हिन्दू बेटियों को लव जिहाद का शिकार बनाया गया है। उन्होंने कहा कि इन घटनाओं को देखते हुए संगठन ने विभिन्न देशों में अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किए हैं, ताकि वैश्विक स्तर पर हिन्दू समाज को संगठित किया जा सके। उन्होंने बताया कि फ्रांस, बेल्जियम, नीदरलैंड, मलेशिया, ब्राज़ील, यूक्रेन, श्रीलंका तथा इंडोनेशिया सहित अनेक देशों में संगठन का विस्तार किया गया है तथा वहाँ राष्ट्रीय अध्यक्षों की नियुक्ति की गई है। अपने संबोधन में गोपाल राय ने लव जिहाद और धर्मांतरण के मुद्दे पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए देश की बेटियों से जागरूक, सतर्क एवं शिक्षित रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को शिक्षा, संस्कार और सामाजिक जागरूकता के माध्यम से सशक्त बनाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने हिन्दू समाज से संगठित होकर समाज एवं संस्कृति की रक्षा के लिए सक्रिय भूमिका निभाने की अपील करते हुए कहा कि धर्मांतरण को रोकना केवल कानूनी विषय नहीं, बल्कि राष्ट्र की सुरक्षा और सांस्कृतिक अस्मिता से जुड़ा एक महत्वपूर्ण प्रश्न है।



