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Prime Minister Crop Insurance Scheme: अब क‍िसानों को म‍िलेगा ज्‍यादा लाभ, न‍ियमों में हुए बदलाव

Prime Minister Crop Insurance Scheme किसान अपने सभी दस्तावेजों के साथ किसी भी बैंक से संपर्क कर सकते हैं। धान व गेंहू का प्रति हेक्टेयर निर्धारित रकम का डेढ़ से दो फीसद फीसद प्रीमियम जमा करके लाभ ले सकते हैं।

लखनऊ । प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का लाभ अधिक से अधिक किसानों को देने के लिए नियमों बदलाव कर दिया गया है। नई नियमावली के तहत बीमा कंपनी किसानों को फसल नुकसान के एवज में अधिक लाभ देगी। गेंहू कटने के बाद मड़ाई के दौरान आग लगने या फिर बारिश होने से फसल का नुकसान होता था, उसका लाभ अकेले किसान को न मिलकर सामूहिक होता था, इससे नुकसान न होने के बावजूद किसानों को लाभ मिल जाता था जबकि नुकसान उठा किसान अपने सभी दस्तावेजों के साथ किसी भी बैंक से संपर्क कर सकते हैं। धान व गेंहू का प्रति हेक्टेयर निर्धारित रकम का डेढ़ से दो फीसद फीसद प्रीमियम जमा करके लाभ ले सकते हैं। किसान क्रेडिट कार्ड धारक को दोबारा बीमा कराने की जरूरत नहीं हैं। ने वाले किसानों को मुआवजे के एवज में जो धनराशि मिलती थी वह बहुत कम होती थी। नई व्यवस्था अब अलग-अलग किसानों को पूरी फसल के नुकसान का लाभ मिलेगा।

किसानों को ऐसे मिलेगा लाभ : किसान अपने सभी दस्तावेजों के साथ किसी भी बैंक से संपर्क कर सकते हैं। धान व गेंहू का प्रति हेक्टेयर निर्धारित रकम का डेढ़ से दो फीसद फीसद प्रीमियम जमा करके लाभ ले सकते हैं। किसान क्रेडिट कार्ड धारक को दोबारा बीमा कराने की जरूरत नहीं हैं। किसान नुकसान होने के दो दिन के अंदर टोलफ्री नंबर (18001030061) पर सूचना दे सकते हैं। कृषि विभाग के अधिकारियों को भी सूचना दी जा सकती है।

लखनऊ में 22 हजार किसानों ने कराया बीमा : लखनऊ में 22259 किसानों ने बीमा कराया और इसके एवज में 1.27 करोड़ की प्रीमियम जमा हुआ। 8411 किसानों ने क्लेम किया और 3.78 करोड़ का भुगतान बीमा कंपनी को करना पड़ा। उप कृषि निदेशक डा.सीपी श्रीवास्तव ने बताया कि राजधानी में 2.29 लाख किसान हैं और और क्रेडिट 172,714 क्रेडिट कार्ड धारक हैं। सूबे में 1.16 करोड़ किसानों का पंजीयन होना है और अब तक करीब 90 लाख पंजीयन हो चुका है। क्रेडिट कार्ड धारक को बीमा कराने का विकल्प देना होगा। पहले अपने आप किसान क्रेडिट कार्ड बनने से बीमित रकम कट जाती थी। अब ऐसा नहीं होगा।

बीमा की प्रति हेक्टेयर राशि

  • गेंहू-46,950
  • मटर-19,862
  • जौ-26,004
  • मसूर-19,808
  • सरसों-22,880
  • उर्द-मूंग-24,453
  • आलू-1,32826

(उपर्युक्त रकम में आलू के लिए पांच फीसद और शेष के लिए 1.5 फीसद रकम बीमा किश्त के तौर पर किसानों को जमा करनी होगी)

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