गोआश्रय स्थलों में हरे चारे की कमी पर डीएम सख्त, एक सप्ताह में नेपियर घास लगाने के निर्देश

बेद प्रकाश पाण्डेय ब्यूरो चीफ गाज़ीपुर।
आज दिनांक।09/01/026को
गोआश्रय स्थलों में हरे चारे की कमी पर डीएम सख्त, एक सप्ताह में नेपियर घास लगाने के निर्देश
अभियान चलाकर चारागाह भूमि पर बुवाई, साईलेज व भूसा-चोकर की मानक अनुसार व्यवस्था सुनिश्चित करने के आदेश
गाजीपुर। जिलाधिकारी अविनाश कुमार की अध्यक्षता में गोआश्रय स्थलों के संबंध में जनपद स्तरीय अनुश्रवण, मूल्यांकन एवं समीक्षा समिति की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार (राइफल क्लब) में आयोजित की गई। बैठक में गोआश्रय स्थलों में संरक्षित गोवंशों के भरण-पोषण हेतु चारागाह भूमि पर हरे चारे की बुवाई की समीक्षा की गई, जिसमें जनपद की प्रगति अत्यंत कम पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की।जिलाधिकारी ने समस्त खंड विकास अधिकारियों को निर्देशित किया कि अभियान चलाकर आगामी एक सप्ताह के भीतर चारागाह की भूमि पर नेपियर घास की बुवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही विकास खंड स्तर पर अनुश्रवण, मूल्यांकन एवं समीक्षा समिति की बैठक आयोजित कर गोआश्रय स्थलों में संरक्षित गोवंशों के लिए भूसा, हरा चारा एवं चोकर आदि की व्यवस्था मानक के अनुरूप कराई जाए।उन्होंने कहा कि जिन गोआश्रय स्थलों पर हरा चारा उपलब्ध नहीं है, वहां तत्काल साईलेज की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। गोवंशों की सुरक्षा के दृष्टिगत जिलाधिकारी ने समस्त उप जिलाधिकारी एवं तहसीलदारों को गोआश्रय स्थलों का औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को विकास भवन में कंट्रोल रूम स्थापित कर प्रतिदिन गोआश्रय स्थलों की सतत निगरानी करने के आदेश दिए गए।बैठक में मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य, जिला विकास अधिकारी सुभाष चंद्र सरोज, परियोजना निदेशक दीन दयाल वर्मा, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. अरविंद कुमार शाही, नोडल अधिकारी गोशाला डॉ. राकेश कुमार गौतम सहित जनपद के समस्त उप जिलाधिकारी, खंड विकास अधिकारी, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद/नगर पंचायत के प्रतिनिधि, पशु चिकित्साधिकारी एवं गोआश्रय स्थलों के जनपद स्तरीय नोडल अधिकारी उपस्थित रहे।



