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पटाखा फैक्ट्री में लगी आग दो लोगों की मौत व पांच लोग घायल

पटाखा फैक्ट्री में लगी आग दो लोगों की मौत व पांच लोग घायल

-पुलिस ने आईपीसी की धारा 304, 308 के तहत फैक्ट्री संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज

-पुलिस ने बारूद के नमूने के अलावा बिखरी पड़ी स्प्रे के भी नमूने पुलिस ने एकत्रित किए

रिपोर्टर योगेश गुरूग्राम India Now24

गुरुग्राम । कादीपुर स्थित औद्योगिक क्षेत्र में एक पटाखा फैक्ट्री में रविवार रात आग लग गई। इस आगजनी में दो लोगों की मौत हो गयी व पांच लोग घायल हो गये। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। बताया जा रहा है कि एक सीएनजी गाड़ी में धमाका हो गया था, उसी के चलते फैक्ट्री में आग लग गयी।

रविवार रात को रात 9.30 बजे कादीपुर औद्योगिक क्षेत्र की गली नंबर-8 में लक्की कटारिया नाम से पटाखा फैक्ट्री में सीएनजी की एक गाड़ी फैक्टरी में आई थी। उसमें से सामान उतारा जा रहा था कि अचानक गाड़ी धमाका हो गया। देखते ही देखते गाड़ी आग की चपेट में आ गई। इस हादसे में गाड़ी चालक के सहयोगी सत्तार निवासी रूपनगर ब्यावहर अजमेर और कंपनी का चौकीदार नेपाल महतो निवासी मैदापुर बेगू सराय की मौत हो गई। हादसे में चालक संजू निवासी मथुरा, शैलेंद्र मिश्रा निवासी बरेली, अनिल निवासी दिल्ली, कन्हई लाल, लाल बहादुर निवासी अमेठी गंभीर रूप से घायल हो गए। आग की सूचना मिलते ही सेक्टर-37 से दमकल की गाड़ी तुरंत मौके पर पहुंच गई और करीब साढ़े 10 बजे आग पर काबू पा लिया। पुलिस ने आईपीसी की धारा 304, 308 के तहत फैक्ट्री संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इस संबंध में फैक्ट्री संचालक भारत भूषण कटारिया और उसके पुत्र अमित कटारिया को गिरफ्तार किया है।

आग के कारण यह हादसा और भी बड़ा हो सकता था। बताया जा रहा है कि फैक्ट्री में बड़ी मात्रा में पटाखे भरे हुए थे। यह तो गनीमत रही कि फायर विभाग की गाड़ी आने से पहले आग ज्यादा नहीं फैली। आग की सूचना से आस-पास हड़कंप मच गया। फायर अधिकारी सत्यवान ने बताया कि जिस गाड़ी में धमाका हुआ है उसमें स्प्रे भरी हुई थी। हो सकता है नाइट्रोजन समेत अन्य गैस होने के कारण धमाका हो सकता है। पुलिस प्रवक्ता सुभाष बोकन ने बताया कि डीसीपी वेस्ट सुमेर सिंह मामले की जांच कर रहे हैं। जांच के बाद ही धमका और आगजनी का खुलासा हो सकेगा।

पटाखा फैक्टरी में लगी आग और दो लोगों की मौत की जांच के लिए सोमवार 11 बजे डीसीपी वेस्ट सुमेर सिंह एफएसएल की टीम के साथ घटना स्थल पर पहुंचे और जांच पड़ताल शुरू कर दी। पुलिस ने बारूद के नमूने लिए हैं। इसके अलावा बिखरी पड़ी स्प्रे के भी नमूने पुलिस ने एकत्रित किए। इसके अलावा बैलास्टिक एक्सपट्र की टीमों को बुलाया गया है। डीसीपी सुमेर सिंह ने बताया कि प्राथमिक तौर पर आग का कारण पटाखों को माना जा रहा है। लेकिन फिलहाल जांच चल रही है जांच के बाद ही हादसा का खुलासा हो सकेगा।