बुंदेलखंड राष्ट्र समिति के स्वयंसेवक 01 फ़रवरी को राष्ट्रपति भवन की करेंगे मौन परिक्रमा, मांगेगे बुंदेलखंड राज्य

बुंदेलखंड राष्ट्र समिति के स्वयंसेवक 01 फ़रवरी को राष्ट्रपति भवन की करेंगे मौन परिक्रमा, मांगेगे बुंदेलखंड राज्य
सफेद वस्त्रों में, मुंह पर सफेद पट्टी बांधकर शांतिमय परिक्रमा करेंगे बुंदेलखंडी
25 दिसंबर को जंतर–मंतर में हो चुका है बड़ा शक्ति प्रदर्शन
खागा।
बुंदेलखंड राज्य की मांग को लेकर आंदोलन एक नए चरण में प्रवेश करने जा रहा है। बुंदेलखंड राष्ट्र समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रवीण पांडेय ने घोषणा की है कि 01 फ़रवरी 2026 को दिल्ली में इंडिया गेट से राष्ट्रपति भवन तक “संकल्प से सिद्धि की ओर” मौन एवं अहिंसक कर्तव्य मार्च निकाला जाएगा। इसके उपरांत राष्ट्रपति भवन की मौन परिक्रमा कर महामहिम राष्ट्रपति को बुंदेलखंड राज्य गठन की मांग का ज्ञापन सौंपा जाएगा।
प्रवीण पांडेय ने बताया कि यह परिक्रमा पूरी तरह शांतिमय और प्रतीकात्मक होगी। आंदोलन में शामिल सभी बुंदेलखंडी सफेद कपड़ों में, मुंह पर सफेद पट्टी बांधकर मौन रहेंगे। यह मौन वर्षों से उपेक्षित बुंदेलखंड की पीड़ा, जल संकट, बेरोज़गारी और पलायन के खिलाफ एक सशक्त लोकतांत्रिक संदेश होगा।
उन्होंने कहा,
“बुंदेलखंड का सवाल किसी दल या व्यक्ति का नहीं, बल्कि करोड़ों लोगों के भविष्य का प्रश्न है। विकसित भारत–2047 का सपना तभी पूरा होगा, जब बुंदेलखंड को उसका संवैधानिक अधिकार—अलग राज्य—मिलेगा।”
प्रवीण पांडेय ने यह भी स्मरण कराया कि इससे पूर्व 25 दिसंबर 2025 को जंतर–मंतर, नई दिल्ली में बुंदेलखंड के सभी जिलों से बुंदेलखंड राष्ट्र समिति के कार्यकर्ता एकत्रित हुए थे, जहाँ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सीधे बुंदेलखंड राज्य गठन की मांग रखी गई थी। उन्होंने कहा कि 01 फ़रवरी का कार्यक्रम उसी संघर्ष की निरंतरता और दृढ़ संकल्प का प्रतीक है।
Qaउन्होंने बताया कि इस आंदोलन में किसानों, युवाओं, महिलाओं, सामाजिक संगठनों और बुद्धिजीवियों की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। अंत में उन्होंने सभी बुंदेलखंडवासियों से शांतिपूर्ण, अनुशासित और लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन में शामिल होने की अपील की।
Balram Singh
India Now24



