लखनऊ बिना पैसा चुकाए नहीं जा सकेंगे राष्ट्र प्रेरणा स्थल…तय हुईं प्रवेश शुल्क और म्यूजियम की टिकट दरें

लखनऊ बिना पैसा चुकाए नहीं जा सकेंगे राष्ट्र प्रेरणा स्थल…तय हुईं प्रवेश शुल्क और म्यूजियम की टिकट दरें
लखनऊ के राष्ट्र प्रेरणा स्थल में अब प्रवेश के लिए शुल्क देना होगा। संचालन समिति ने पार्क का प्रवेश शुल्क 15 रुपये और म्यूजियम का टिकट 50 रुपये तय किया है। वहीं यूपी दिवस पर 24 से 26 जनवरी तक यहां सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा, जिसमें युवाओं को इंडियन ओसेन बैंड आकर्षित करेगा।
बसंतकुंज योजना में 65 एकड़ में फैले राष्ट्र प्रेरणा स्थल के संचालन के लिए बनी समिति ने यहां पर लागू प्रवेश शुल्क में कोई बदलाव नहीं किया है। ऐसे में अब पार्क में प्रवेश का शुल्क 15 रुपये और म्यूजियम का 50 रुपये रहेगा।एलडीए वीसी प्रथमेश कुमार ने बताया कि सोमवार को संचालन समिति की पहली बैठक हुई। इसमें पार्क के रखरखाव को बेहतर करने पर चर्चा हुई।इसके साथ ही समिति ने एक जनवरी से लागू शुल्क को मंजूरी दी। शुल्क में किसी तरह का बदलाव नहीं किया गया। पार्क में बच्चों के मनोरंजन आदि के लिए किड्स जोन विकसित करने पर चर्चा हुई। इस पर काम किया जाएगा। पार्क का लोकार्पण 25 दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था। उसके 31 दिसंबर तक प्रवेश नि:शुल्क रहा और एक जनवरी से टिकट लगाया गया।
यूपी दिवस पर युवाओं को आकर्षित करेगा ओसेन बैंड
उत्तर प्रदेश दिवस के तहत तीन दिन 24 से 26 जनवरी तक का मुख्य आयोजन राजधानी स्थित राष्ट्र प्रेरणा स्थल में होगा। इसमें जहां प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए कलाकारों द्वारा गायन, शास्त्रीय व लोक नृत्य, नाटक, भजन, सुगम संगीत, जनजातीय नृत्य, समकालीन प्रस्तुतियों का मंचन किया जाएगा। वहीं युवाओं को इंडियन ओसेन बैंड आकर्षित करेगा।उत्तर प्रदेश दिवस के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में आधुनिकता और परंपरा का समन्वय देखने को मिलेगा। संस्कृति विभाग की ओर से इसे लेकर विशेष तैयारी की जा रही है। इसके तहत प्रकाश मिश्रा व प्रतिभा सिंह बघेल द्वारा भजन की प्रस्तुति दी जाएगी। भातखंडे संस्कृति विश्वविद्यालय द्वारा कथक, भरत नाट्यम व ओडिसी नृत्य की संयुक्त प्रस्तुतियां होंगी।पर्यटन व संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि उत्तर प्रदेश दिवस के अवसर पर एक जनपद-एक उत्पाद (ओडीओपी), हस्तशिल्प, जीआई टैग उत्पाद, पर्यटन स्थलों, मिशन शक्ति, औद्योगिक व अधोसंरचना विकास, विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश विषयक प्रदर्शनी लगाई जाएंगी। मुख्य समारोह में उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान, उत्कृष्ट उद्यमियों, महिला शक्ति, युवाओं, चिकित्सकों, वैज्ञानिकों व विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यक्तियों का सम्मान किया जाएगा।वहीं 2026 में वंदे मातरम के 150 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में विशेष सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, चित्रकला कार्यशालाएं, संगीत-वादन, ओपन माइक, नाटक, कठपुतली, क्विज, रंगोली, पाक कला प्रतियोगिता, पतंगबाजी व युवा-जनसहभागिता आधारित कार्यक्रम भी होंगे। पर्यटन विभाग द्वारा प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर आधारित प्रदर्शनी तथा उत्तर प्रदेश पारंपरिक व्यंजन मेला आयोजित किया जाएगा।
स्कूलों-विद्यालयों में तीन दिन होंगी प्रतियोगिता
उत्तर प्रदेश दिवस पर प्रदेश के बेसिक व माध्यमिक के विद्यालयों में तीन दिन विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। बेसिक व माध्यमिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने निर्देश दिया है कि 23 जनवरी को सुभाष चंद्र बोस के जीवन वृतांत व उनके योगदान पर वाद-विवाद, निबंध व भाषण प्रतियोगिता आयोजित कर विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। 24 जनवरी को उत्तर प्रदेश विकसित भारत की थीम पर प्रतियोगिता, सांस्कृतिक कार्यक्रम, प्रश्नोत्तरी, वाद-विवाद प्रतियोगिता व बिल्डाथॉन, 26 जनवरी को झंडारोहण व सांस्कृतिक गतिविधियां आयोजित की जाएं।



