यूपी अवैध खनन मामले में सांसद करण भूषण को राहत नहीं, 4.88 करोड़ 15 दिन में जमा करने का है मामला

यूपी अवैध खनन मामले में सांसद करण भूषण को राहत नहीं, 4.88 करोड़ 15 दिन में जमा करने का है मामला
गोंडा के खान निरीक्षक और भूतत्व एवं खनिकर्म कार्यालय अयोध्या के सर्वेयर ने पट्टा स्थल का निरीक्षण किया। इसमें गड़बड़ी मिलने पर जिलाधिकारी ने बालू की रॉयल्टी व खनिज मूल्य की राशि 4.88 करोड़ रुपये 15 दिन के अंदर जमा करने का आदेश दिया था।
निर्धारित सीमा से 1.72 लाख घन मीटर अधिक बालू खनन के आरोप में जुर्माना व रॉयल्टी की राशि करीब 4.88 करोड़ रुपये की वसूली के मामले में कैसरगंज सांसद करण भूषण को राहत नहीं मिली है। हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने वसूली के खिलाफ दाखिल रिट याचिका खारिज कर दी है।
न्यायमूर्ति शेखर बी सर्राफ और न्यायमूर्ति मंजीव शुक्ला ने उन्हें राज्य प्राधिकरण में रिवीजन प्रस्तुत करने के लिए हुई देरी से छूट दी है। गौरतलब है कि मेसर्स नंदिनी इंफ्रास्ट्रक्चर विश्नोहरपुर तरबगंज के प्रोपराइटर सांसद करण भूषण सिंह हैं। फर्म को तरबगंज तहसील क्षेत्र के ग्राम दुर्गागंज बालू खनन का पांच साल के लिए पट्टा मिला था।
19 व 20 जनवरी 2019 को गोंडा के खान निरीक्षक और भूतत्व एवं खनिकर्म कार्यालय अयोध्या के सर्वेयर ने पट्टा स्थल का निरीक्षण किया। इसमें स्वीकृत पट्टा से अधिक खनन मिला। इस पर तत्कालीन जिलाधिकारी नितिन बंसल ने फर्म पर 15 जून 2019 को 10 लाख रुपये जुर्माना लगाते हुए बालू की रॉयल्टी व खनिज मूल्य की राशि 4.88 करोड़ रुपये 15 दिन के अंदर जमा करने का आदेश दिया था। इसी के खिलाफ सांसद ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी।



