Breaking News देश राजनीती राज्य होम

रांची – Lockdown के दौरान रांची पुलिस ने काटे 5.21 करोड़ से अधिक के चालान

Lockdown के दौरान रांची पुलिस ने काटे 5.21 करोड़ से अधिक के चालान

चन्दन कुमार गुप्ता
डिस्ट्रिक्ट रिपोर्टर इंडिया नाऊ 24
रांची झारखंड

Ranchi: कोरोना वायरस को लेकर लॉकडाउन को 31 मई तक के लिए बढ़ा दिया गया है. इसके बावजूद रांची के लोग नहीं मान रहे हैं. वे सड़कों पर बेवजह निकल रहे हैं.
ऐसे में पुलिस को सख्ती करनी पड़ रही है. रांची ट्रैफिक पुलिस ने लॉक डाउन के दौरान 5.21 करोड़ से अधिक का जुर्माना वसूला है.
पुलिस ने 8902 लोगों को ट्रैफिक नियमों को तोड़ते हुए पकड़ा

मिली जानकारी के अनुसार लॉक डाउन के दौरान पुलिस ने 8902 लोगों को ट्रैफिक नियमों को तोड़ते हुए पकड़ा है. बिना लाइसेंस वाहन चलाने में सर्वाधिक जुर्माने की वसूली की गयी है.

ट्रैफिक पुलिस ने 1846 लोगों को बिना लाइसेंस बाइक चलाते पकड़ा है. इनसे पुलिस ने 92 लाख 30 हजार की वसूली की. वहीं बगैर लाइसेंस 656 लोगों को कार चलाते पुलिस ने पकड़ा था. उनसे पुलिस ने 32 लाख 80 हजार की वसूली की है.
पहली बार बगैर हेमलेट बाइक चलाते 2427 लोगों को पुलिस ने पकडा.  उनसे पुलिस ने 24 लाख 27 हजार की वसूली की है. पुलिस ने इन सारे लाइसेंस को रद्द करने की अनुशंसा भी की है.
दूसरी बार बगैर हेमलेट वाहन चलाते 262 लोगों को पुलिस ने पकड़ा. इनसे भी 2 लाख 62 हजार की वसूली की गयी. इनके लाइसेंस को रद करने की अनुशंसा भी भेजी गयी है.

लॉकडाउन का उल्लंघन करने पर इन धाराओं के तहत हो सकती है कार्रवाई

भारत में डिजास्टर मैनेजमेंट कानून 2005 के नियमों के तहत लॉकडाउन के मामलों से निबटा जाता है. लॉकडाउन के दौरान बिना इमरजेंसी के घर से बाहर निकलने पर विभिन्न धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई की जा सकती है.
लॉकडाउन के दौरान अगर आप बिना किसी वजह से घर से बाहर निकलते हैं तो धारा 188 के तहत 1 महीने की जेल हो सकती है. इस धारा के तहत जुर्माना और जेल दोनों की सजा हो सकती है.
जुर्माने की राशि 200 रुपये तक हो सकती है और धारा 144 के तहत एक साल की सजा मिल सकती है. धारा 144 किसी भी जगह पर हालात बिगड़ने की संभावना को देखते हुए लगायी जाती है.
धारा 144 लगे होने के बाद सड़क पर चार से ज्यादा लोग एक साथ खड़े नहीं हो सकते. अगर कोई व्यक्ति धारा 144 का उल्लंघन करता है तो पुलिस उस व्यक्ति को धारा 107 या धारा 151 के तहत गिरफ्तार कर सकती है.
इसके साथ ही उसे एक साल तक की कैद की सजा दी जा सकती है. इस अपराध में जमानत हो सकती है.