Breaking News देश राज्य होम

आयुध डिपो के प्रतिबंधित दायरे में अवैध निर्माणों के खिलाफ की बड़ी कार्रवाई

आयुध डिपो के प्रतिबंधित दायरे में अवैध निर्माणों के खिलाफ की बड़ी कार्रवाई
–    सहायक अभियंता अमित कुमार के नेतृत्व में इनफोर्समैंट टीम ने ओम
विहार, सतगुरू फार्म तथा धर्म कॉलोनी में अवैध निर्माणों को तोडऩे के
अलावा की सीलिंग की कार्रवाई
–    ओम विहार में अवैध रूप से विकसित की जा रही कॉलोनी पर चला पीला
पंजा
–    अवैध कॉलोनी विकसित करने तथा प्रतिबंधित क्षेत्र में प्लॉट बेचने के
मामले में शीतला प्रॉपर्टीज तथा रामअवतार नामक व्यक्ति के खिलाफ दर्ज
करवाई जाएगी एफआईआर

रिपोर्टर योगेश गुरूग्राम India Now24

गुरूग्राम । वायुसेना के आयुध डिपो के प्रतिबंधित दायरे में नगर निगम गुरूग्राम द्वारा अवैध निर्माणों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में सोमवार को नगर निगम का पीला पंजा क्षेत्र में चला।
सहायक अभियंता अमित कुमार के नेतृत्व में जोन-2 क्षेत्र की इनफोर्समैंट टीम भारी पुलिस बल तथा जेसीबी लेकर प्रतिबंधित दायरे में पहुंची। यहां पर ओम विहार में अवैध रूप से कॉलोनी विकसित की जा रही थी। टीम ने जेसीबी की मदद से अवैध कॉलोनी में निर्माणाधीन स्ट्रक्चरों तथा डीपीसी आदि को धराशायी किया। इसके साथ ही सतगुरू फार्म तथा धर्म कॉलोनी में भी अवैध निर्माणों पर नगर निगम का पीला पंजा चला। नगर निगम द्वारा ओम विहार में अवैध कॉलोनी विकसित करने तथा प्रतिबंधित क्षेत्र में प्लॉट बेचने के मामले में शीतला प्रॉपर्टीज तथा रामअवतार नामक व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज करवाया जाएगा। इनफोर्समैंट टीम द्वारा सोमवार की कार्रवाई के दौरान लगभग 20 निर्माणाधीन स्ट्रक्चरों को तोड़ा गया, वहीं लगभग एक दर्जन से अधिक भवनों को सील करने की कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान सहायक अभियंता अमित कुमार के साथ कनिष्ठ अभियंता रोहित जाखड़ एवं राकेश कुमार सहित लगभग 100 पुलिसकर्मी उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय है कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय एवं उच्च न्यायालय द्वारा आयुध डिपो के प्रतिबंधित दायरे में किसी भी प्रकार के नए निर्माण पर पूर्णतया प्रतिबंध लगाया हुआ है। इस बारे में आमजन को जागरूक करने हेतु नगर निगम गुरूग्राम द्वारा पूरे क्षेत्र में बोर्ड लगाए गए हैं तथा प्रॉपर्टी डीलरों के झांसे में ना आने की हिदायत बोर्ड के माध्यम से दी गई है। नगर निगम द्वारा लोगों को आगाह किया गया है कि वे प्रॉपर्टी डीलरों के झांसे में आकर प्रतिबंधित क्षेत्र में प्लॉट, मकान या दुकान ना खरीदें। नगर निगम द्वारा ऐसे निर्माणों को तोडऩे के साथ ही संबंधित व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज करवाया जाएगा। इसके साथ ही लगाए गए बोर्ड को भी नुकसान पहुंचाने के मामले में सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने संबंधी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।