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अब अगले साल होंगे रोहतक नगर निगम चुनाव!

16 अक्टूबर 2018
रोहतक÷【संजय पांचाल】

रोहतक। नगर निगम के चुनाव में देरी होने की संभावनाओं को देखते हुए संभावित प्रत्याशियों ने अपनी मुहिम में कुछ समय के लिए ब्रेक लगा दिया है। राजनीतिक क्षेत्रों में आम चर्चा है कि भाजपा पहले पांच राज्यों के चुनाव पर अपना सारा ध्यान पार्टी की जीत की तरफ सुनिश्चित करने में जुटी है। यही नहीं, प्रदेश के कार्यकर्ताओं को इन प्रदेशों में जाकर अपने जानकारों और संबंधियों को भाजपा के पक्ष में वोट डालने के लिए प्रेरित करने को भी कहा गया है तथा जोर शोर से पार्टी का प्रचार करने के भी निर्देश दिए गए है।

भाजपा का राजस्थान, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ में पूर्ण वर्चस्व है और वह आने वाले चुनाव में हर हालत में इन राज्यों में पूण: अपनी सरकार स्थापित करना चाहती है। इसके चलते भाजपा ने नगर निगम के चुनाव से अपना ध्यान कम कर दिया है। पूर्व कांग्रेसी विधायक भारत भाषूण बतरा ने तो पिछले दिनों प्रेस वार्ता करके स्पष्ट रूप से घोषित किया था कि प्रदेश की भाजपा सरकार पांच राज्यों के चुनाव का बहाना बनाकर निगम के चुनाव टालने जा रही है।

इसके चलते संभावित प्रत्याशियों ने विभिन्न पार्टियों के टिकट पाने की मुहिम में विराम लगाना आरंभ कर दिया है। उन्हें भी यह संभावनाएं नजर आने लगी है कि नगर निगमों के चुनाव शीघ्र होने वाले नहीं है। राजनीतिक क्षेत्रों का कहना है कि पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा उच्चकमान लोकसभा चुनाव की तैयारियों में जुट जाएगी।

इसके साथ ही हरियाणा विधानसभा चुनाव भी लोकसभा चुनाव के बाद भाजपा की प्राथमिकता बन जाएंगे। इन तीनों संभावनाओं को देखते हुए प्रदेश के निगम चुनाव शीघ्र होने की कोई संभावना नजर नहीं आ रही है। कांग्रेस ने अभी निगम चुनाव अपने चुनाव चिन्ह पर लड़ने की विधिवत घोषणा नहीं की है लेकिन हरियाणा की विधानसभा में कांग्रेस पार्टी के विधायक एंव सचेतक बीबी बतरा ने कहा कि पार्टी नगर निगम के चुनाव अपने चुनाव चिन्ह पर लड़ेगी। यही बात काफी समय पहले प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डॉ अशोक तंवर भी कह चुके है।

इनेलो में पारिवारिक कलह और शहरी क्षेत्र में प्रभाव कम होने के चलते पार्टी निगम चुनाव में ज्यादा रूचि नहीं दिखा रही है लेकिन वह सांकेतिक रूप से अवश्य अपने प्रत्याशी उतारकर चुनाव मैदान में कूद सकती है। निगम चुनाव की देरी के चलते सभी राजनीतिक दलों की चुनावी गतिविधियों में मंदी आ गई है।